🌍💼 Global Work AI ने जुटाए $2.4M

Global Work

दुनिया तेजी से AI-first hiring की ओर बढ़ रही है, और इसी बदलाव को और तेज करने के लिए Global Work AI, जो कि Wilmington, Delaware आधारित एक उभरता हुआ AI-नेटिव जॉब सर्च प्लेटफॉर्म है, ने $2.4 मिलियन की नई फंडिंग जुटाई है।

यह निवेश कंपनी के AI फीचर्स को और बेहतर बनाने, नए टूल लॉन्च करने और job-seekers के लिए एक अधिक स्मार्ट और automated जॉब-हंट अनुभव तैयार करने के लिए उपयोग किया जाएगा।


💰 फंडिंग डिटेल्स: किन निवेशकों ने किया समर्थन?

इस राउंड में कई ग्लोबल वीसी फर्म्स और निवेशकों ने हिस्सा लिया, जिनमें शामिल हैं:

  • Pre-Seed to Succeed
  • Yellow Rocks
  • Smart Partnership Capital
  • AltaIR Capital
  • TMT Investments

इससे पहले कंपनी:

  • दिसंबर 2024 में $1.25M प्री-सीड
  • फरवरी 2024 में $120K एंजेल राउंड

उठा चुकी है।
नए निवेश के साथ, Global Work AI की कुल फंडिंग अब $3.7 मिलियन हो गई है। 🚀


🤖✨ Global Work AI क्या करती है? क्या इसे खास बनाता है?

आज की नौकरी खोज केवल “सर्च” नहीं, बल्कि “स्मार्ट सर्च + ऑटोमेशन + AI” की मांग करती है।

Global Work AI खुद को एक candidate-first job-search platform के रूप में पेश करती है। इसका AI प्लेटफॉर्म हर महीने रिकॉर्ड स्तर पर डेटा प्रोसेस करता है:

  • ✔️ हर महीने 1 मिलियन से अधिक verified remote jobs
  • ✔️ सभी scams और duplicate postings को हटाया जाता है
  • ✔️ जॉब सर्च से जुड़ी सबसे टाइम-कंज्यूमिंग प्रक्रियाओं को ऑटोमेट करता है

प्लेटफॉर्म की कुछ प्रमुख विशेषताएँ:

  • 🔍 AI-powered job matching
  • 📝 AI-generated CVs और cover letters
  • 🎯 Personalized job recommendations
  • Auto-Apply फीचर
  • 🔄 Auto-Fill ब्राउज़र प्लगइन, जिससे फॉर्म भरना आसान
  • 📩 Real-time job alerts

कंपनी का दावा है कि यह प्लेटफॉर्म सीधे तौर पर job seekers का 70% समय बचा सकता है


🤝 नया लॉन्च: Mia AI — आपका करियर असिस्टेंट

इस फंडिंग से Global Work AI अपना नया AI कैरियर असिस्टेंट “Mia AI” लॉन्च कर रही है।

Mia AI की क्षमताएँ:

  • 💡 आपकी skills के आधार पर करियर सुझाव
  • 📝 CV tailoring और skills improvement टिप्स
  • 🎯 बेहतर जॉब मैचिंग
  • ⚙️ Auto-Apply के लिए स्मार्ट decisioning
  • 📈 Growth opportunities insights

Mia AI essentially एक AI Career Coach + Job Assistant का मिश्रण होगी।


🧑‍💼👨‍💻 कौन हैं इसके संस्थापक?

Global Work AI की स्थापना की गई है:

  • Alex Chepovoi
  • Alex Dyadischev

दोनों संस्थापक AI-टेक्नोलॉजी और जॉब-मैचिंग सिस्टम्स में वर्षों का अनुभव रखते हैं। इनका उद्देश्य है —

“जॉब ढूंढने को आसान, तेज़ और फेक-फ्री बनाना।”


🌐 Remote jobs की बढ़ती मांग ने बढ़ाया प्लेटफॉर्म का उपयोग

पोस्ट-कोविड दुनिया में remote work एक स्थायी मॉडल बन चुका है।
Global Work AI इसी ट्रेंड पर फोकस करता है और:

  • दुनिया भर से verified remote roles ढूंढता है
  • उन्हें curate करके users के सामने पेश करता है
  • irrelevant jobs और spam postings को filter करता है

इस वजह से प्लेटफॉर्म तेजी से ग्लोबल जॉब seekers में लोकप्रिय हो रहा है।


🚀 फंडिंग का उपयोग — आगे कैसे बढ़ेगा Global Work AI?

कंपनी नए निवेश का इस्तेमाल इन कामों में करेगी:

🔹 1. Core AI फीचर्स को मजबूत करना

  • सर्च relevance
  • personalization
  • smart job-matching

🔹 2. CV और Cover Letter जनरेशन को AI-first बनाना

  • Tailored CV based on job description
  • कंपनी-specific cover letters

🔹 3. Auto-Apply और Auto-Fill सिस्टम को स्केल करना

  • कम समय में अधिक नौकरियों में आवेदन की सुविधा

🔹 4. Global distribution बढ़ाना

  • नए देशों में विस्तार
  • नए जॉब स्रोत और पार्टनरशिप

🔹 5. Mia AI का public launch


📊 क्यों महत्वपूर्ण है यह फंडिंग?

AI-based hiring तेजी से बढ़ रहा है।

  • भर्ती करने वाली कंपनियाँ AI से screening कर रही हैं
  • जॉब seekers AI से applications तैयार कर रहे हैं
  • remote jobs की मांग तेजी से बढ़ रही है

Global Work AI इस ट्रेंड को कैप्चर करने के लिए strategically positioned है।


🏁 निष्कर्ष: जॉब सर्च का भविष्य अब AI-native

Global Work AI तेजी से एक ऐसा प्लेटफॉर्म बन रहा है जो traditional job portals को चुनौती दे रहा है।
जैसे ही Mia AI और उन्नत Auto-Apply सिस्टम लॉन्च होगा, यह प्लेटफॉर्म लाखों global job seekers के लिए एक game-changer साबित हो सकता है।

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🚤⚡ ExploMar ने जुटाए $10 मिलियन

ExploMar

दुनिया तेजी से इलेक्ट्रिक मोबिलिटी की तरफ बढ़ रही है—और अब यह ट्रेंड सिर्फ गाड़ियों तक सीमित नहीं रहा। चीन के शंघाई में स्थित ExploMar, जो इलेक्ट्रिक बोट मोटर सिस्टम बनाती है, ने हाल ही में 10 मिलियन डॉलर से ज्यादा की फंडिंग जुटाई है। यह निवेश कंपनी ने अपनी वैश्विक मौजूदगी मजबूत करने, प्रोडक्ट डेवलपमेंट बढ़ाने और सप्लाई चेन को मजबूत करने के लिए उठाया है।

इस राउंड का नेतृत्व किया DCM Ventures ने, जो दुनिया की प्रमुख टेक-इन्वेस्टमेंट कंपनियों में से एक है। ExploMar की यह उपलब्धि यह दिखाती है कि समुद्री परिवहन (Marine Mobility) का भविष्य भी अब इलेक्ट्रिक दिशा में बढ़ रहा है।


⚡️ क्या करती है ExploMar?

2021 में स्थापित, ExploMar इलेक्ट्रिक बोट्स के लिए हाई-परफॉर्मेंस इलेक्ट्रिक आउटबोर्ड मोटर सिस्टम बनाती है। कंपनी की टेक्नोलॉजी, डिज़ाइन और प्रदर्शन (Performance) उसे Marine EV दुनिया में एक उभरता हुआ नाम बनाती है।

🚤 ExploMar की मोटर्स की खासियत

कंपनी 70HP से 300HP तक की मोटरें बनाती है—और आगे चलकर इसे 1,200HP तक ले जाने की योजना भी है।
कुछ मुख्य विशेषताएँ:

  • Proprietary High-Voltage Platform → ज्यादा पॉवर के साथ बेहतर ऊर्जा दक्षता
  • 🌀 Exoflux Design → मोटर्स को हल्का, ज़्यादा प्रभावी और टिकाऊ बनाता है
  • 🌍 Zero-Emission Technology → पर्यावरण के अनुकूल
  • 🔋 कम मेंटेनेंस और लंबी लाइफ

कुल मिलाकर, ExploMar समुद्री दुनिया के लिए वह काम कर रही है जो Tesla ने ऑटोमोबाइल सेक्टर में किया था।


🌍 दुनिया में 20+ देशों तक पहुँच

ExploMar की ग्रोथ सिर्फ चीन तक सीमित नहीं है। कंपनी अपने उत्पाद दुनिया भर में भेज रही है और 20 से ज्यादा देशों में अपना डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क बना चुकी है। इनमें शामिल हैं:

  • 🇨🇳 China
  • 🇳🇴 Norway
  • 🇮🇹 Italy
  • 🇳🇬 Nigeria
  • 🇮🇩 Indonesia
  • 🇸🇬 Singapore
  • 🇹🇭 Thailand

इसके अलावा, यूरोप, एशिया, अफ्रीका और दक्षिण अमेरिका में भी कंपनी तेजी से विस्तार कर रही है।

यह दिखाता है कि Global Marine EV मार्केट में ExploMar अब एक प्रमुख खिलाड़ी बनता जा रहा है।


💰 फंडिंग का इस्तेमाल कहाँ होगा?

कंपनी ने साफ किया है कि यह 10 मिलियन डॉलर से अधिक की फंडिंग इन प्रमुख क्षेत्रों में उपयोग होगी:

🔧 1. Global Distribution & Service Network Expansion

कंपनी दुनिया भर में अपनी मौजूदगी और मजबूत करेगी, खासकर यूरोप व साउथ-ईस्ट एशिया में।

🏭 2. Supply-Chain Optimization

इलेक्ट्रिक मोटर्स का उत्पादन हाई-टेक और कंपोनेंट-हैवी होता है। इसलिए ExploMar सप्लाई चेन को और स्थिर बनाना चाहती है।

🛠️ 3. Product Development

  • 300HP से ऊपर की मोटरों पर विकास
  • 1,200HP आउटबोर्ड मोटर की तैयारी
  • नई बैटरी टेक्नोलॉजी और हल्के मोटर डिज़ाइन
    इन्हीं से ExploMar वैश्विक EV Marine बाजार में और भी मजबूत प्रतिस्पर्धी स्थिति बना सकेगी।

🛥️ Electric Marine Sector क्यों बढ़ रहा है?

एविएशन से लेकर ऑटोमोबाइल तक—हर जगह “Zero Emission” की मांग बढ़ रही है। Marine सेक्टर में:

  • डीज़ल बोट्स की हाई मेंटेनेंस और हाई फ्यूल कॉस्ट
  • पोर्ट क्षेत्रों में बढ़ता प्रदूषण
  • देशों द्वारा इलेक्ट्रिक बोट्स के लिए सब्सिडी

इन सभी कारणों से इलेक्ट्रिक बोट मोटर का मार्केट तेजी से बढ़ रहा है।

ExploMar ने इसी अवसर को पकड़ा है और अब यह दुनिया के सबसे तेज़ी से बढ़ते Electric Marine स्टार्टअप्स में से एक है।


🚀 ExploMar का आगे का रोडमैप

कंपनी का लक्ष्य बहुत स्पष्ट है — दुनिया की सबसे उन्नत इलेक्ट्रिक बोट मोटर कंपनी बनना।

आगे आने वाले महीनों में कंपनी इन पर काम करेगी:

  • 🌐 और देशों में डिस्ट्रीब्यूशन पार्टनर्स जोड़ना
  • 🔋 हाई-परफॉर्मेंस बैटरी इकोसिस्टम बनाना
  • 🛥️ तेज़ और शक्तिशाली Electric Outboards लॉन्च करना
  • 🏢 Manufacturing क्षमता बढ़ाना

कंपनी का यह कहना है कि आने वाले 2–3 साल में Electric Marine industry टर्निंग पॉइंट पर होगी—और ExploMar इस बदलाव को लीड करना चाहती है।


📌 निष्कर्ष

ExploMar की नई फंडिंग न सिर्फ कंपनी के लिए बल्कि पूरे Electric Marine Mobility सेक्टर के लिए एक बड़ा संकेत है। जिस तरह इलेक्ट्रिक कारों ने दुनिया बदली, अब इलेक्ट्रिक बोट्स की बारी है।

और ExploMar का तेज़ी से बढ़ता कारोबार, हाई-टेक प्रोडक्ट और इंटरनेशनल नेटवर्क यह बताता है कि कंपनी आने वाले सालों में इस ग्लोबल इंडस्ट्री की बड़ी खिलाड़ी बन सकती है।

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Foresight ने $5.5 मिलियन सीड फंडिंग जुटाई,

Foresight

प्राइवेट मार्केट में डेटा के ज़रिए पारदर्शिता और बेहतर निर्णय को बढ़ावा देने के मिशन पर काम कर रही Foresight नामक न्यूयॉर्क स्थित सॉफ्टवेयर कंपनी ने $5.5 मिलियन की सीड फंडिंग जुटाई है। इस फंडिंग राउंड का नेतृत्व NEA (New Enterprise Associates) ने किया, जिसमें KDX Ventures ने भी भागीदारी की।

इस निवेश के साथ, NEA की टेक्नोलॉजी इन्वेस्टमेंट टीम की पार्टनर मैडिसन फॉल्कनर अब Foresight के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में शामिल होंगी।


💡 क्या करती है Foresight?

2023 में स्थापित Foresight की स्थापना एडम डिवाइन (CRO) और जेसन मिलर (CEO) ने की थी। यह कंपनी खासतौर पर प्राइवेट मार्केट इन्वेस्टर्स, लेंडर्स, और एक्वायरर्स के लिए एक ऐसी SaaS (Software-as-a-Service) प्लेटफॉर्म तैयार कर रही है, जो उन्हें डेटा के आधार पर बेहतर फाइनेंशियल निर्णय लेने में मदद करती है।

Foresight का प्लेटफॉर्म एक AI-पावर्ड डेटा मेश (AI-driven Data Mesh) का उपयोग करता है, जो 50 से अधिक डेटा स्रोतों और एप्लिकेशनों से जानकारी एकत्र करता है। इसमें शामिल हैं:

  • थर्ड-पार्टी सौर्सिंग फीड्स
  • CRM (Customer Relationship Management)
  • कैप टेबल वेंडर्स
  • शेयर किए गए ड्राइव्स
  • कंपनी KPIs
  • फंड अकाउंटिंग सॉफ्टवेयर

यह सभी डेटा एकीकृत डैशबोर्ड, एनालिटिक्स और फाइनेंशियल मॉडलिंग टूल्स में शामिल होकर इन्वेस्टमेंट, डिलिजेंस और पोर्टफोलियो मैनेजमेंट को स्मार्ट और असरदार बनाते हैं।


🚀 फंडिंग का उपयोग कैसे होगा?

Foresight ने कहा है कि इस नए फंड का उपयोग कंपनी अपने प्रोडक्ट डेवलपमेंट और GTM (Go-To-Market) टीमों के विस्तार में करेगी। इसका मकसद है:

  • नए टूल्स और फीचर्स का निर्माण
  • तेज़ और सहज यूज़र एक्सपीरियंस
  • सेल्स और मार्केटिंग टीम को मज़बूती देना
  • अधिक VC और PE फर्मों तक पहुंच बनाना

🧠 किसे कर रहा है Foresight सशक्त?

Foresight का सॉफ्टवेयर venture capital (VC) और private equity (PE) जैसी संस्थाओं के लिए विशेष रूप से डिजाइन किया गया है। कंपनी ने अप्रैल 2023 में अपने पहले ग्राहकों के साथ लॉन्च किया था, और तब से इसे कई बड़ी कंपनियों में डिप्लॉय किया जा चुका है:

  • Forerunner Ventures
  • Kleiner Perkins

इनके अलावा Foresight ने प्राइवेट मार्केट के कई बड़े डेटा और सर्विस प्रोवाइडर के साथ साझेदारी भी की है, ताकि यूज़र्स को एकीकृत और हाई-क्वालिटी डेटा एक्सेस मिल सके।


🌍 कहाँ है टीम?

Foresight की कोर टीम न्यूयॉर्क सिटी में आधारित है, लेकिन कंपनी की सैन फ्रांसिस्को में भी एक मज़बूत उपस्थिति है। इससे उन्हें ईस्ट कोस्ट और वेस्ट कोस्ट दोनों मार्केट्स को कवर करने का फायदा मिलता है।


🧬 क्यों है यह फंडिंग अहम?

आज की दुनिया में प्राइवेट मार्केट इन्वेस्टमेंट तेजी से बढ़ रही है। लेकिन इन क्षेत्रों में अक्सर डेटा की पारदर्शिता, विश्वसनीयता और पहुंच की कमी देखी जाती है। Foresight इस समस्या को सुलझाने के लिए आधुनिक, डेटा-सेंट्रिक समाधान पेश कर रहा है।

इसके अलावा, मौजूदा समय में जहां SaaS स्टार्टअप्स को निवेशकों का भरोसा पाना चुनौतीपूर्ण हो गया है, वहीं Foresight का प्रॉफिटेबल और वैल्यू-ड्रिवन मॉडल इसे अलग बनाता है।


🗣️ संस्थापकों का बयान

कंपनी के को-फाउंडर एडम डिवाइन और जेसन मिलर ने कहा:

“हमारा उद्देश्य प्राइवेट मार्केट में डेटा के ज़रिए निर्णय को सशक्त बनाना है। UT009 जैसे उत्पादों से हम एक पूरी तरह से नए तरह का निवेश पारिस्थितिकी तंत्र बना रहे हैं, जिसमें पारदर्शिता, गति और स्मार्ट निर्णय की भूमिका सबसे अहम होगी।”


📉 भारतीय स्टार्टअप्स के लिए क्या सीख?

Foresight जैसी कंपनियाँ भारतीय SaaS और फिनटेक स्टार्टअप्स को यह दिखाती हैं कि यदि प्रॉडक्ट स्पष्ट समस्या हल करता हो और तकनीक के साथ-साथ सही समय पर डेटा का उपयोग करता हो, तो बड़े संस्थागत निवेशकों का समर्थन पाना संभव है।


🧾 निष्कर्ष

Foresight की यह $5.5 मिलियन की सीड फंडिंग एक बड़ा संकेत है कि डेटा-पावर्ड, AI-इंटीग्रेटेड SaaS मॉडल प्राइवेट मार्केट में क्रांति ला सकते हैं। कंपनी की टेक्नोलॉजी, मजबूत टीम, और निवेशकों का भरोसा इसे भविष्य में और ऊंचाई तक ले जा सकता है।

📍 ऐसे और स्टार्टअप फंडिंग और टेक अपडेट्स पढ़ते रहें — सिर्फ FundingRaised.in पर, भारत की अपनी हिंदी भाषा में।

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🚀 Kosmc AI को 200,000 डॉलर की प्री-सीड फंडिंग मिली,

Kosmc AI

नई दिल्ली स्थित एक उभरते हुए सोशल कॉमर्स इंफ्रास्ट्रक्चर स्टार्टअप Kosmc AI ने हाल ही में $200K (करीब ₹1.6 करोड़) की प्री-सीड फंडिंग जुटाई है। यह फंडिंग भारत और मिडिल ईस्ट के कुछ गुप्त एंजेल इन्वेस्टर्स द्वारा की गई है।

यह निवेश Kosmc AI के लिए एक अहम मील का पत्थर साबित हो सकता है क्योंकि कंपनी अब अपने नो-कोड प्रोडक्ट सूट को मजबूत करने, एफ़िलिएट इंटीग्रेशन बढ़ाने, और भारत व साउथईस्ट एशिया में विस्तार की तैयारी में है।


🌐 Kosmc AI क्या करता है?

Kosmc AI की स्थापना 2024 में अंकुर गुप्ता और मानवता नरूला द्वारा की गई थी। यह एक नो-कोड सोशल कॉमर्स टेक्नोलॉजी कंपनी है, जो डिजिटल एंटरप्रेन्योर्स, कंटेंट क्रिएटर्स और ब्रांड्स को सोशल मीडिया पर अपनी उपस्थिति को मॉनिटाइज़ करने में मदद करती है।

कंपनी का प्लेटफ़ॉर्म कई स्मार्ट टूल्स मुहैया कराता है जैसे:

  • 🔗 लिंक-इन-बायो कॉमर्स
  • 🤖 चैट ऑटोमेशन
  • 💸 एफ़िलिएट सेलिंग

इन टूल्स के ज़रिए कोई भी क्रिएटर, प्रोफेशनल या ब्रांड अपने सोशल मीडिया ट्रैफ़िक को कंप्लीट शॉपिंग एक्सपीरियंस में बदल सकता है।


📊 कहां-कहां पहुंचा है Kosmc AI?

वर्तमान में Kosmc AI का नेटवर्क 25 से ज़्यादा देशों में फैला हुआ है। कंपनी के प्लेटफ़ॉर्म पर 1.6 लाख से ज़्यादा मंथली एक्टिव यूज़र्स हैं। इनमें से अधिकतर यूज़र्स भारत, मिडिल ईस्ट और साउथईस्ट एशिया जैसे डिजिटल रूप से एक्टिव क्षेत्रों से हैं।

इसके यूज़रबेस में शामिल हैं:

  • 🎨 कंटेंट क्रिएटर्स
  • 🛍️ छोटे ब्रांड्स
  • 🧑‍💼 डिजिटल एंटरप्रेन्योर्स
  • 💁‍♀️ सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स

💡 क्यों खास है Kosmc AI का मॉडल?

Kosmc AI का बिज़नेस मॉडल “नो-कोड टेक्नोलॉजी” पर आधारित है — यानी इसे इस्तेमाल करने के लिए किसी को भी कोडिंग या टेक्निकल स्किल्स की ज़रूरत नहीं है।

कंपनी का फोकस है:

  • 🛠️ तेजी से लॉन्च होने वाले डिजिटल स्टोर
  • 🔗 सिंगल लिंक से सारे ऑफ़र को प्रमोट करना
  • 💬 ऑटोमैटिक चैट-आधारित कस्टमर इंटरैक्शन
  • 👥 एफ़िलिएट मार्केटिंग के ज़रिए सेल्स बढ़ाना

यह सभी टूल्स क्रिएटर्स को सोशल मीडिया पर अपने फॉलोअर्स को कस्टमर में बदलने में मदद करते हैं।


💰 निवेश से क्या होगा फायदा?

इस प्री-सीड फंडिंग से मिलने वाले कैपिटल का इस्तेमाल Kosmc AI निम्नलिखित क्षेत्रों में करेगा:

  • नो-कोड प्रोडक्ट सूट को और बेहतर बनाना
  • एफ़िलिएट मार्केटिंग इंटीग्रेशन को स्केल करना
  • भारत और साउथईस्ट एशिया में टीम और ऑपरेशन्स का विस्तार
  • यूज़र एक्सपीरियंस को AI के ज़रिए और सहज बनाना

कंपनी का उद्देश्य है कि सोशल कॉमर्स को उन लोगों के लिए भी आसान और कारगर बनाना, जिन्हें टेक्नोलॉजी का सीमित ज्ञान है लेकिन उनके पास एक मज़बूत सोशल मीडिया उपस्थिति है।


🌍 भारत और साउथईस्ट एशिया पर क्यों है ध्यान?

भारत और साउथईस्ट एशिया में डिजिटल क्रिएटर इकोसिस्टम बहुत तेजी से बढ़ रहा है। यहां छोटे ब्रांड्स और क्रिएटर्स को सही टूल्स और तकनीक की ज़रूरत है जिससे वे अपनी डिजिटल मौजूदगी को कमाई में बदल सकें।

Kosmc AI का मानना है कि:

“हर कंटेंट क्रिएटर, चाहे वह एक इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर हो या यूट्यूब व्लॉगर, अपने ब्रांड को ऑनलाइन स्केल करना चाहता है। हम उन्हें यह ताक़त देते हैं – बिना कोडिंग के।”


🔮 भविष्य की योजनाएं क्या हैं?

  • 📌 भारत में टीम का आकार बढ़ाना
  • 📌 रीजनल लैंग्वेज सपोर्ट (हिंदी सहित) पर काम करना
  • 📌 AI आधारित Chatbots को लोकल टोन में विकसित करना
  • 📌 शहरों से लेकर छोटे कस्बों तक पहुंच बनाना

Kosmc AI आने वाले 12 से 18 महीनों में अपनी पेरेंट कंपनी को सिंगापुर से भारत शिफ्ट करने की भी योजना बना रही है।


📝 निष्कर्ष

Kosmc AI ने बहुत ही कम समय में भारत और दुनिया भर में सोशल कॉमर्स क्षेत्र में अपनी एक मजबूत पहचान बना ली है। $200K की इस फंडिंग से कंपनी को वो ताक़त मिलेगी जिससे वह अधिक यूज़र्स तक पहुंचेगी और डिजिटल क्रिएटर्स को उनके कंटेंट से कमाई का बेहतरीन प्लेटफ़ॉर्म दे सकेगी।

जैसे-जैसे सोशल मीडिया का प्रभाव बढ़ता जा रहा है, वैसे-वैसे Kosmc AI जैसे नो-कोड प्लेटफ़ॉर्म्स डिजिटल क्रांति का चेहरा बनते जा रहे हैं।


अगर आप भी एक डिजिटल क्रिएटर हैं, तो Kosmc AI के टूल्स को आज़मा कर देखें – हो सकता है अगली बड़ी D2C सक्सेस स्टोरी आपकी हो!

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💉Allay Therapeutics ने जुटाए $57.5 मिलियन,🌡️🧬

Allay Therapeutics

सैन जोस, कैलिफोर्निया स्थित हेल्थटेक स्टार्टअप Allay Therapeutics ने हाल ही में $57.5 मिलियन (लगभग ₹480 करोड़) की Series D फंडिंग जुटाई है। यह कंपनी सर्जरी के बाद होने वाले लंबे समय तक चलने वाले दर्द (post-surgical pain) को नियंत्रित करने के लिए अल्ट्रा-सस्टेन्ड एनाल्जेसिक उत्पाद विकसित कर रही है।

इस फंडिंग राउंड का नेतृत्व Lightstone Ventures और ClavystBio ने संयुक्त रूप से किया, जिसमें पहले से मौजूदा निवेशक — NEA, Arboretum Ventures, Vertex Growth, Vertex Ventures Healthcare और Brandon Capital — ने भी भाग लिया।


🧪 कंपनी क्या करती है?

Allay Therapeutics एक बायोटेक्नोलॉजी कंपनी है जो सर्जरी के बाद लंबे समय तक दर्द से राहत देने वाले उत्पाद बनाती है। कंपनी का दावा है कि उसकी प्रोप्रायटरी टेक्नोलॉजी प्लेटफॉर्म द्वारा तैयार किए गए ये उत्पाद:

  • 🚫 नॉन-ओपिऑइड (Non-opioid) आधारित होते हैं
  • 🧬 बायोपॉलिमर का इस्तेमाल करते हैं
  • ⏳ दर्द से राहत को सप्ताहों तक बनाए रखते हैं — मौजूदा ट्रीटमेंट्स की तुलना में कई गुना ज्यादा समय तक

इन उत्पादों को सर्जरी के बाद सीधे प्रभावित क्षेत्र पर इस्तेमाल किया जा सकता है, जिससे रोगियों को बार-बार पेनकिलर्स की जरूरत नहीं पड़ती और रिकवरी तेज होती है।


🧪 ATX101: Knee Replacement Surgery के बाद दर्द से राहत

इस फंडिंग का एक बड़ा हिस्सा Allay Therapeutics अपने प्रमुख उत्पाद ATX101 के Phase 2b रजिस्ट्रेशन ट्रायल में लगाएगी। ATX101 का उद्देश्य है घुटने की रिप्लेसमेंट सर्जरी (Total Knee Arthroplasty – TKA) के बाद होने वाले दर्द को लंबे समय तक नियंत्रित करना।

इस ट्रायल में देखा जाएगा कि ATX101 कितनी प्रभावी, सुरक्षित और लंबे समय तक राहत देने वाली दवा साबित होती है, ताकि इसके लिए बाद में रेगुलेटरी अप्रूवल लिया जा सके।


🔬 क्यों है यह इनोवेशन महत्वपूर्ण?

भारत और दुनिया भर में हर साल लाखों लोग सर्जरी से गुजरते हैं — घुटना, पीठ, हिप या हार्निया जैसी प्रक्रियाएं। सर्जरी के बाद होने वाला दर्द अक्सर:

  • मरीजों की रिकवरी धीमी कर देता है
  • उन्हें लंबे समय तक ओपिऑइड दवाओं पर निर्भर करता है
  • कई बार लत (Addiction) और साइड इफेक्ट्स का कारण बनता है

ऐसे में Allay Therapeutics जैसी कंपनी का उद्देश्य है दर्द का सटीक, लंबी अवधि का और नॉन-एडिक्टिव समाधान देना — जो स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए एक बड़ा बदलाव हो सकता है।


💡 टेक्नोलॉजी का कमाल

Allay के उत्पाद एक खास डिज़ॉल्व होने वाले बायोपॉलिमर से बने होते हैं, जो दर्दनिवारक दवा को धीरे-धीरे उस क्षेत्र में रिलीज करते हैं जहां दर्द होता है।

यह प्रक्रिया:

  • किसी भी ओपिऑइड के बिना काम करती है
  • हफ्तों तक कंट्रोल्ड पेन रिलीफ देती है
  • सर्जरी के बाद की रिकवरी को ज्यादा आरामदायक बनाती है

👥 नई नियुक्तियाँ और बोर्ड में बदलाव

इस फंडिंग के साथ कंपनी ने कई महत्वपूर्ण नियुक्तियाँ भी की हैं:

  • 👨‍⚕️ Joe Zakrzewski को चेयरमैन ऑफ द बोर्ड नियुक्त किया गया है। Joe फार्मास्युटिकल और बायोटेक्नोलॉजी इंडस्ट्री में एक अनुभवी नाम हैं।
  • 👨‍💼 Anselm Tan (ClavystBio) भी Allay के बोर्ड में शामिल हुए हैं।

इन नियुक्तियों से कंपनी की रणनीति, उत्पाद विकास और रेगुलेटरी अप्रूवल में और मजबूती आने की उम्मीद है।


💰 अतिरिक्त फाइनेंसिंग से भी मिला समर्थन

इसके अलावा Allay Therapeutics को IPD Capital, EDBI, SGInnovate और HSBC Innovation Banking से भी अतिरिक्त वेंचर डेट (venture debt) प्राप्त हुआ है।

यह फंड कंपनी को ट्रायल्स, मैन्युफैक्चरिंग और संभावित मार्केट लॉन्च के लिए पूंजीगत सहयोग देगा।


🌍 संभावनाएँ और भारत से जुड़ाव

हालांकि Allay फिलहाल अमेरिका में आधारित है, लेकिन:

  • भारत जैसे देशों में भी ऑर्थोपेडिक सर्जरी और पोस्ट-सर्जिकल पेन मैनेजमेंट तेजी से बढ़ रहे हैं
  • यहां लाखों सर्जरी हर साल होती हैं, जिनमें लॉन्ग-टर्म दर्द राहत की भारी जरूरत है
  • अगर ATX101 जैसे प्रोडक्ट्स को वैश्विक रेगुलेटरी अप्रूवल मिलते हैं, तो भारत जैसे बाज़ारों में बड़ी संभावनाएँ हैं

🔚 निष्कर्ष

Allay Therapeutics की ये ताज़ा फंडिंग न सिर्फ कंपनी की वैज्ञानिक यात्रा का अगला चरण है, बल्कि दुनिया भर के लाखों मरीजों के लिए दर्द रहित रिकवरी की ओर एक बड़ा कदम है।

✅ नॉन-ओपिऑइड आधारित पेन रिलीफ
✅ हफ्तों तक असरदार इलाज
✅ सर्जरी के बाद बेहतर क्वालिटी ऑफ लाइफ
✅ हेल्थ सिस्टम पर कम बोझ


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💰Thoma Bravo ने जुटाए $34.4 बिलियन!

Thoma Bravo

शिकागो स्थित वैश्विक सॉफ्टवेयर निवेश फर्म Thoma Bravo ने हाल ही में अपने बायआउट फंड्स के लिए $34.4 बिलियन (लगभग ₹2.87 लाख करोड़) से अधिक की पूंजी प्रतिबद्धता जुटाने की घोषणा की है। यह आंकड़ा दुनिया की कुछ सबसे बड़ी प्राइवेट इक्विटी रेजिंग्स में से एक मानी जा रही है।

इस नए पूंजी संग्रह के साथ Thoma Bravo अब यूरोप में भी अपना पहला समर्पित निवेश फंड लॉन्च कर रहा है।


📦 किन फंड्स में जुटाई गई है पूंजी?

Thoma Bravo ने कुल तीन बायआउट फंड्स के लिए पूंजी जुटाई है:

  1. Thoma Bravo Fund XVI$24.3 बिलियन
  2. Thoma Bravo Discover Fund V$8.1 बिलियन
  3. Thoma Bravo Europe Fund I€1.8 बिलियन (लगभग $2 बिलियन)

इन तीनों फंड्स के ज़रिए कंपनी अब अमेरिका के साथ-साथ यूरोप में भी सॉफ्टवेयर कंपनियों में बड़े स्तर पर निवेश करने जा रही है।


🌐 कहाँ से आई इतनी बड़ी पूंजी?

यह पूंजी Thoma Bravo को उसके वैश्विक निवेशकों के व्यापक नेटवर्क से प्राप्त हुई है, जिनमें शामिल हैं:

  • सॉवरेन वेल्थ फंड्स
  • पब्लिक पेंशन फंड्स
  • मल्टीनेशनल कंपनियाँ
  • बीमा कंपनियाँ
  • फंड ऑफ फंड्स
  • विश्वविद्यालय ट्रस्ट और फाउंडेशंस
  • हाई नेट वर्थ फैमिली ऑफिसेस

इस बात से साफ है कि Thoma Bravo का ट्रैक रिकॉर्ड और सॉफ्टवेयर में केंद्रित निवेश रणनीति पर विश्वास का स्तर काफी ऊंचा है


📈 पिछले 12 महीनों में जबरदस्त निवेश गतिविधियाँ

Thoma Bravo ने पिछले एक साल में खरीद और बिक्री दोनों पक्षों पर तेज़ी से काम किया है। इसके तहत कंपनी ने:

  • कई सॉफ्टवेयर कंपनियों में निवेश (Buyouts) किया
  • कई निवेशों से निकासी (Exits/Realizations) भी की
  • कुल मिलाकर इन डील्स का मूल्य रहा लगभग $35 बिलियन

यह आंकड़ा बताता है कि Thoma Bravo सिर्फ निवेश नहीं कर रही, बल्कि रणनीतिक रूप से लाभ भी कमा रही है और पोर्टफोलियो पुनः संतुलित कर रही है।


🧠 अब तक 535+ सॉफ्टवेयर कंपनियों में निवेश

Thoma Bravo दुनिया की उन गिनी-चुनी निवेश कंपनियों में से है जो केवल सॉफ्टवेयर कंपनियों में विशेषज्ञता के साथ निवेश करती हैं। अब तक:

  • 💼 535 से अधिक सॉफ्टवेयर कंपनियों में निवेश
  • 📊 वर्तमान पोर्टफोलियो में 75+ एक्टिव कंपनियाँ
  • 💸 ये कंपनियाँ मिलकर $30 बिलियन की वार्षिक राजस्व उत्पन्न करती हैं
  • 👨‍💻 वैश्विक स्तर पर 93,000 से अधिक कर्मचारी कार्यरत हैं

इससे साफ है कि Thoma Bravo का प्रभाव केवल निवेश तक सीमित नहीं, बल्कि यह कंपनियों के विकास और वैश्विक स्केल तक फैला है।


🌍 यूरोप में पहला समर्पित फंड: एक नया अध्याय

Thoma Bravo के इस पूंजी संग्रह में सबसे महत्वपूर्ण पहलू है इसका पहला यूरोप-विशिष्ट फंड – Thoma Bravo Europe Fund I। इस फंड में €1.8 बिलियन की प्रतिबद्धता हासिल की गई है।

यूरोप में:

  • टेक्नोलॉजी स्टार्टअप्स और SaaS कंपनियाँ तेज़ी से उभर रही हैं
  • अमेरिकी फंड्स के लिए नए निवेश अवसर तैयार हो रहे हैं
  • Thoma Bravo अब इन कंपनियों में गहरा और विशिष्ट निवेश कर सकेगा

🏢 Thoma Bravo: कहाँ-कहाँ फैला है ऑफिस नेटवर्क?

Thoma Bravo के ऑफिस अब दुनिया के कई बड़े शहरों में मौजूद हैं:

  • 🇺🇸 शिकागो (मुख्यालय)
  • 🇺🇸 डलास
  • 🇺🇸 मियामी
  • 🇺🇸 न्यूयॉर्क
  • 🇺🇸 सैन फ्रांसिस्को
  • 🇬🇧 लंदन (यूरोप की गतिविधियों का केंद्र)

इस वैश्विक नेटवर्क के ज़रिए कंपनी स्थानीय बाजारों की समझ, कनेक्शन, और बिजनेस ग्रोथ में तेजी लाती है।


🤔 भारत के लिए क्या मायने हैं?

हालाँकि Thoma Bravo फिलहाल भारत-केंद्रित फंड नहीं चला रही, लेकिन इस तरह की गतिविधियाँ भारतीय सॉफ्टवेयर और SaaS स्टार्टअप्स के लिए एक संकेत हैं:

  • वैश्विक निवेशक अब सॉफ्टवेयर सेक्टर को सबसे बड़ा और स्थायी ग्रोथ इंजन मानते हैं
  • यूनिकॉर्न बनने के बाद अगर भारतीय स्टार्टअप्स मुनाफा दिखा सकें, तो ऐसे फंड्स से बड़े निवेश की उम्मीद की जा सकती है
  • खासकर SaaS, फिनटेक, क्लाउड और AI क्षेत्रों में आगामी अवसरों के द्वार खुल सकते हैं

📌 निष्कर्ष

Thoma Bravo का $34.4 बिलियन का यह फंडरेज़ सॉफ्टवेयर इंडस्ट्री में बढ़ते वैश्विक विश्वास को दर्शाता है। अमेरिका से लेकर यूरोप तक, यह फर्म अब नए बाजारों में तेज़ और आक्रामक विस्तार कर रही है।

भारत के स्टार्टअप्स के लिए यह एक संकेत है कि टेक्नोलॉजी और मुनाफे का सही संतुलन उन्हें भी इस वैश्विक निवेश की दौड़ में आगे ला सकता है।


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🤖 Veris AI को मिला $8.5 मिलियन Seed फंडिंग 📈

Veris AI

AI एजेंट्स की सुरक्षित ट्रेनिंग और टेस्टिंग के लिए विकसित प्लेटफॉर्म को मिला वेंचर कैपिटल का साथ

न्यूयॉर्क आधारित एडवांस्ड AI ट्रेनिंग प्लेटफॉर्म Veris AI ने हाल ही में $8.5 मिलियन (लगभग ₹71 करोड़) की Seed फंडिंग जुटाई है। इस फंडिंग राउंड का नेतृत्व Decibel Ventures और Acrew Capital ने किया, जिसमें कई प्रमुख एंजल निवेशकों जैसे Ian Livingstone, The House Fund, Idris Mokhtarzada और Dorothy Chang ने भाग लिया।


🎯 क्या करता है Veris AI?

Veris AI एक ऐसा प्लेटफॉर्म है जो कंपनियों को AI एजेंट्स (जैसे चैटबॉट्स और वर्चुअल असिस्टेंट्स) को सुरक्षित, रियलिस्टिक और हाई-फिडेलिटी सिमुलेटेड एनवायरनमेंट में ट्रेन और टेस्ट करने की सुविधा देता है।

मुख्य विशेषताएं:

  • अनुभवात्मक ट्रेनिंग ग्राउंड
  • रिइनफोर्समेंट लर्निंग सपोर्ट
  • उद्योगों के लिए कस्टम सिमुलेशन
  • नियमित सुधार और प्रदर्शन विश्लेषण

इस प्लेटफॉर्म का उद्देश्य कंपनियों को AI मॉडल को वास्तविक परिस्थितियों में परीक्षण करने में सहायता देना है — बिना किसी वास्तविक नुकसान या जोखिम के


💡 CEO Mehdi Jamei की अगुवाई में बढ़ता प्रभाव

Veris AI के CEO मेहदी जमेई (Mehdi Jamei) के नेतृत्व में यह कंपनी शुरुआती ग्राहकों के साथ फोकस इंडस्ट्रीज में पायलट प्रोजेक्ट चला रही है। इसमें शामिल हैं:

  • वित्तीय सेवा (Fintech)
  • एंटरप्राइज़ प्रोडक्टिविटी
  • मैन्युफैक्चरिंग

🧪 प्रमुख उपयोग मामलों की झलक

1️⃣ फिनटेक कंपनी के लिए रेगुलेटरी-सुरक्षित चैटबॉट्स

एक कंज़्यूमर फिनटेक कंपनी Veris AI का उपयोग करके ऐसे चैटबॉट्स डेवलप कर रही है जो नियामकीय (regulatory) फ्रेमवर्क के भीतर कार्य करते हैं। इसमें शामिल हैं:

  • संवेदनशील जानकारी का लीक न होना
  • संभावित रेगुलेटरी उल्लंघन की पहचान
  • यूज़र संवाद की रियलिस्टिक सिमुलेशन

इससे कंपनी को बिना नियामकीय जोखिम बढ़ाए नई यूज़र एंगेजमेंट चैनल्स खोलने में मदद मिल रही है।


2️⃣ HR टेक स्टार्टअप के लिए विश्वसनीय AI असिस्टेंट्स

एक HR टेक कंपनी Veris का उपयोग करके ऐसे AI असिस्टेंट्स ट्रेन कर रही है जो:

  • जटिल मीटिंग शेड्यूलिंग
  • गोपनीय जानकारी शेयरिंग
  • प्रफेशनल ईमेलिंग

जैसे कार्यों को सुरक्षित और जिम्मेदारी से कर सकें। यह विशेष रूप से उन संगठनों के लिए जरूरी है जहां एक छोटी गलती भी भरोसे को नुकसान पहुंचा सकती है।


3️⃣ मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में सप्लाई चेन एजेंट की ट्रेनिंग

एक निर्माण कंपनी Veris AI का इस्तेमाल कर रही है सप्लाई चेन ऑप्टिमाइजेशन एजेंट को सिखाने के लिए। इसमें निम्न कार्य शामिल हैं:

  • सप्लायर रिसर्च
  • RFP जनरेशन
  • ईमेल कम्युनिकेशन
  • रेट नेगोसिएशन
  • रिस्क इवैल्युएशन

AI को पहले से इन पर सिमुलेटेड वातावरण में अभ्यास कराकर, कंपनी संभावित वित्तीय हानि, ब्रांड डैमेज या कानूनी जोखिमों से बच रही है।


📊 फंडिंग का उपयोग

Veris AI इस फंडिंग का उपयोग मुख्यतः तीन प्रमुख क्षेत्रों में करेगी:

  1. टीम का विस्तार – इंजीनियरिंग, डेटा साइंस और नीति विशेषज्ञों की नियुक्ति
  2. प्रोडक्ट डेवलपमेंट – प्लेटफॉर्म की परफॉर्मेंस और यूज़र इंटरफेस को और बेहतर बनाना
  3. ऑपरेशनल स्केलिंग – और अधिक उद्यमों के लिए AI एजेंट ट्रेनिंग की सेवाएं उपलब्ध कराना

🌐 क्यों है Veris AI खास?

आज के समय में जब AI तेजी से हर इंडस्ट्री में घुस रहा है, कंपनियों के लिए यह जरूरी हो गया है कि वे अपने AI सिस्टम्स को असली दुनिया जैसे हालातों में परखें – लेकिन बिना किसी हानि के।

Veris AI यह समाधान देकर:

  • कंपनियों को AI के साइड इफेक्ट्स से बचाता है
  • रीइनफोर्समेंट लर्निंग का सुरक्षित प्लेटफॉर्म देता है
  • और उन्हें उच्च गुणवत्ता वाले, भरोसेमंद और कॉम्प्लायंट AI एजेंट्स बनाने में मदद करता है।

🧠 भारत के लिए क्या मायने?

भारत में भी AI तेजी से हेल्थटेक, फिनटेक, एग्रीटेक और एंटरप्राइज़ सॉल्यूशंस में प्रवेश कर रहा है। Veris AI जैसे प्लेटफॉर्म आने वाले समय में भारतीय कंपनियों के लिए भी अहम भूमिका निभा सकते हैं, खासकर:

  • BFSI सेक्टर के लिए रेगुलेटरी AI
  • Edtech के लिए पर्सनलाइज्ड बॉट्स
  • HR और Productivity Tools में भरोसेमंद AI असिस्टेंट्स

📌 निष्कर्ष

Veris AI का $8.5 मिलियन फंडिंग राउंड यह संकेत देता है कि AI को सुरक्षित और असरदार ढंग से स्केल करने की ज़रूरत वैश्विक हो चुकी है। कंपनी के द्वारा उपलब्ध कराया गया सिमुलेटेड ट्रेनिंग प्लेटफॉर्म एंटरप्राइज़ AI को एक नई दिशा दे रहा है।

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Dexari को $2.3 मिलियन की सीड फंडिंग,

Dexari

क्रिप्टो ट्रेडिंग को मोबाइल और पूरी तरह से डीसेंट्रलाइज़्ड बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, न्यूयॉर्क स्थित स्टार्टअप dexari ने हाल ही में $2.3 मिलियन (लगभग ₹19 करोड़) की सीड फंडिंग जुटाई है। इस फंडिंग राउंड के बाद कंपनी की वैल्यूएशन $22.5 मिलियन (लगभग ₹188 करोड़) हो गई है।

इस निवेश से Dexari की योजना अपने प्रोडक्ट डेवलपमेंट को तेज करने, इंजीनियरिंग टीम का विस्तार करने और मार्केट में अपने प्लेटफॉर्म को मजबूती से लॉन्च करने की है।


💰 किसने किया निवेश?

इस फंडिंग राउंड का नेतृत्व दो प्रमुख फर्मों ने किया:

  • Prelude Ventures
  • Lemniscap

ये दोनों निवेशक Web3, DeFi और ब्लॉकचेन सेक्टर में पहले से ही सक्रिय रूप से निवेश कर चुके हैं। उनके साथ आने से Dexari को न केवल पूंजी मिली है, बल्कि अनुभव और नेटवर्क का भी बड़ा फायदा मिलेगा।


🔧 Dexari क्या करता है?

Dexari एक मोबाइल-फर्स्ट क्रिप्टो ट्रेडिंग ऐप है जो यूज़र्स को पूरी तरह डीसेंट्रलाइज़्ड और नॉन-कस्टोडियल तरीके से ट्रेडिंग की सुविधा देता है।

इसका मतलब है कि यूज़र अपने क्रिप्टो एसेट्स पर पूरी तरह नियंत्रण बनाए रखते हैं, बिना किसी थर्ड पार्टी या एक्सचेंज पर भरोसा किए।


🚀 Hyperliquid से खास इंटीग्रेशन

Dexari की सबसे खास बात है कि इसका सारा ऑर्डर फ्लो सिर्फ एक ही प्लेटफॉर्म से होकर गुजरता है — Hyperliquid। यह एक डीसेंट्रलाइज़्ड ट्रेडिंग इंफ्रास्ट्रक्चर है जो:

  • तेज गति से ट्रेडिंग सुनिश्चित करता है
  • कम फीस में लेनदेन की सुविधा देता है
  • कस्टडी-फ्री एक्सपीरियंस प्रदान करता है

Hyperliquid का उपयोग करके Dexari एक ऐसा इकोसिस्टम बना रहा है जहां यूज़र को ट्रेडिंग करते समय एक्सचेंज पर अपने फंड्स रखने की ज़रूरत नहीं पड़ती।


📱 मोबाइल प्लेटफॉर्म की ताकत

आज जब ज्यादातर क्रिप्टो एक्सचेंजेस या DEX डेस्कटॉप यूज़र्स को प्राथमिकता देते हैं, Dexari का पूरा फोकस है मोबाइल यूज़र्स पर। इसके ऐप में:

  • 📲 सरल और यूज़र-फ्रेंडली इंटरफेस
  • 🔐 एंड-टू-एंड सिक्योरिटी
  • 📉 रियल-टाइम मार्केट डेटा और चार्टिंग टूल्स
  • 🤳 ऑन-द-गो ट्रेडिंग सुविधा

Dexari का मानना है कि भविष्य की ट्रेडिंग मोबाइल पर केंद्रित होगी और भारत जैसे देशों में तो यह और भी ज़्यादा प्रभावशाली हो सकता है, जहां स्मार्टफोन की पहुंच गांव-गांव तक है।


📈 फंडिंग का उपयोग कैसे होगा?

Dexari के सीईओ और संस्थापक टीम ने बताया कि यह फंडिंग मुख्य रूप से तीन उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल की जाएगी:

  1. 👨‍💻 इंजीनियरिंग टीम का विस्तार: ब्लॉकचेन डेवेलपर्स, UI/UX डिज़ाइनर्स और सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स की हायरिंग
  2. 🚧 प्रोडक्ट डेवलपमेंट तेज करना: ऐप में नए ट्रेडिंग टूल्स, मल्टी-चेन इंटीग्रेशन और वॉलेट सपोर्ट
  3. 📢 गो-टू-मार्केट स्ट्रैटेजी पर काम: दुनियाभर में, खासकर एशियाई देशों में यूज़र ग्रोथ पर ध्यान देना

🌍 भारतीय संदर्भ में क्यों है यह महत्वपूर्ण?

भारत में पिछले कुछ वर्षों में क्रिप्टो ट्रेडिंग में भारी वृद्धि देखी गई है। लेकिन सबसे बड़ी चुनौती रही है:

  • बिचौलियों पर निर्भरता
  • एक्सचेंज पर फंड रखने का डर
  • मोबाइल-फ्रेंडली समाधान की कमी

Dexari इन सभी समस्याओं का हल पेश करता है। खासतौर पर भारत जैसे मोबाइल-प्रथम देश में, Dexari का मॉडल तेजी से अपनाया जा सकता है।


🔒 क्यों जरूरी है नॉन-कस्टोडियल ट्रेडिंग?

नॉन-कस्टोडियल ट्रेडिंग का मतलब है कि आप अपने वॉलेट और एसेट्स पर पूरा नियंत्रण रखते हैं। एक्सचेंज या थर्ड पार्टी की जरूरत नहीं होती। इससे:

  • 🚫 हैकिंग या फ्रॉड का खतरा कम हो जाता है
  • ✅ यूज़र की प्राइवेसी बनी रहती है
  • 📤 वॉलेट से सीधे ट्रेडिंग संभव होती है

Dexari इसी सोच के साथ एक मजबूत और सुरक्षित प्लेटफॉर्म बना रहा है।


📆 आगे की योजना

Dexari आने वाले महीनों में:

  • 🔧 और ब्लॉकचेन इंटीग्रेशन जोड़ेगा (जैसे Solana, Polygon)
  • 🌐 भारत सहित एशिया और यूरोप के कुछ प्रमुख बाजारों में बीटा लॉन्च करेगा
  • 🛠 डेवलपर टूल्स लॉन्च करेगा ताकि थर्ड पार्टी ऐप्स Dexari से इंटीग्रेट कर सकें

📝 निष्कर्ष: मोबाइल-फर्स्ट, सुरक्षित और स्वतंत्र ट्रेडिंग की दिशा में एक बड़ा कदम

Dexari की सीड फंडिंग Web3 की दुनिया में एक सकारात्मक संकेत है — खासकर उन यूज़र्स के लिए जो मोबाइल पर ट्रेडिंग करना चाहते हैं, लेकिन पूरी सुरक्षा और स्वतंत्रता के साथ।

Hyperliquid के साथ इसका इंटीग्रेशन और निवेशकों का भरोसा दिखाता है कि आने वाले समय में Dexari एक प्रमुख मोबाइल DEX ऐप बन सकता है।


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PACT SWAP को मिला $5 मिलियन का निवेश,

PACT SWAP

Web3 और क्रिप्टो ट्रेडिंग की दुनिया में एक नया और क्रांतिकारी कदम देखने को मिला है। क्रॉस-चेन DEX (Decentralized Exchange) प्रदान करने वाली कंपनी PACT SWAP ने हाल ही में $5 मिलियन (लगभग ₹42 करोड़) की फंडिंग हासिल की है। इस फंडिंग राउंड का नेतृत्व DNA Fund ने किया है।

यह फंडिंग PACT SWAP के लिए एक बड़ा माइलस्टोन मानी जा रही है, क्योंकि यह प्लेटफॉर्म क्रिप्टो दुनिया की सबसे जटिल समस्याओं में से एक — इनकॉम्पैटिबल ब्लॉकचेन के बीच नेचुरल एसेट्स का सुरक्षित और आसान एक्सचेंज — को हल करने की दिशा में काम कर रहा है।


🏦 कौन है निवेशक और क्या होगा उनके सहयोग का दायरा?

इस फंडिंग राउंड में DNA Fund ने लीड इन्वेस्टर की भूमिका निभाई है। DNA Fund न केवल वित्तीय सहायता दे रहा है, बल्कि वह PACT SWAP को निम्नलिखित क्षेत्रों में भी सक्रिय सहयोग देगा:

  • 🌱 इकोसिस्टम डेवलपमेंट
  • 🤝 स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप्स
  • 🌍 ग्लोबल मार्केट में लॉन्च और विस्तार

👨‍💼 कौन चला रहा है PACT SWAP?

PACT SWAP को चलाने वाली टीम में कुछ प्रसिद्ध नाम शामिल हैं:

  • Stephen Morris – CEO
  • Brock Pierce – सह-संस्थापक (क्रिप्टो उद्योग के जाने-माने निवेशक और उद्यमी)
  • Scott Walker – सह-संस्थापक
  • Toby Gilbert – सह-संस्थापक

यह टीम Web3 टेक्नोलॉजी, निवेश और ग्लोबल ब्लॉकचेन नेटवर्किंग में वर्षों का अनुभव रखती है।


🔄 क्या है PACT SWAP और कैसे करता है काम?

PACT SWAP एक क्रॉस-चेन DEX (Decentralized Exchange) है जो यूज़र्स को अलग-अलग ब्लॉकचेन नेटवर्क्स (जैसे Bitcoin और Tron) के बीच नेचुरल टोकन को ट्रेड करने की सुविधा देता है।

👉 मुख्य विशेषताएं:

  • न ब्रिज की जरूरत,
  • न रैप्ड टोकन,
  • न बाहरी वेलिडेटर्स

यह सिस्टम Coinweb के मॉड्यूलर एग्जीक्यूशन लेयर पर आधारित है, जिससे यह मौजूदा क्रॉस-चेन प्रोटोकॉल की तुलना में काफी कम फीस चार्ज करता है और बेहतर स्पीड और सिक्योरिटी प्रदान करता है।


⚙️ टेक्निकल फीचर्स जो इसे बनाते हैं खास

  • 🔐 Permissionless Token Listings: कोई भी प्रोजेक्ट या डेवलपर अपना टोकन बिना अनुमति के लिस्ट कर सकता है
  • 🧩 High Composability: अन्य ब्लॉकचेन एप्लिकेशन से आसानी से इंटीग्रेशन
  • Near-instant Finality: लगभग तुरंत ही ट्रांजैक्शन कन्फर्म हो जाती है

यह फीचर्स इसे एक डिवेलपर-फ्रेंडली और स्केलेबल DEX बनाते हैं।


🧪 अभी क्या स्टेज पर है प्रोजेक्ट?

PACT SWAP फिलहाल लाइव प्रोडक्शन रोलआउट के चरण में है। इसका मतलब है कि इसका कोर ट्रेडिंग फीचर अब आंशिक रूप से सक्रिय हो चुका है।

🚀 लॉन्च हो चुकी सुविधाएं:

  • ✅ BTC (Bitcoin)
  • ✅ TRX (Tron)
  • ✅ BNB (Binance Smart Chain)
  • ✅ ETH (Ethereum)
  • ✅ USDT (TRC20, BEP20, ERC20)

हालांकि, फिलहाल के लिए ट्रेडिंग कैप को $20,000 पर सीमित किया गया है, ताकि सिस्टम की स्टेबिलिटी और सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।


🤝 इंटीग्रेशन और पब्लिक लॉन्च

PACT SWAP टीम ने यह भी जानकारी दी है कि वे पहले से ही कुछ प्रमुख इकोसिस्टम पार्टनर्स के साथ इंटीग्रेशन पर काम कर रहे हैं। इससे आने वाले महीनों में इसका फुल पब्लिक लॉन्च संभव होगा।

यह लॉन्च पूरी दुनिया के यूज़र्स को क्रिप्टो ट्रेडिंग के एक नए युग में ले जाएगा, जहां ब्लॉकचेन नेटवर्क की सीमाएं बाधा नहीं रहेंगी।


🔮 भविष्य की संभावनाएं

इस फंडिंग और टेक्नोलॉजी के बलबूते, PACT SWAP का लक्ष्य है:

  • 🌐 ग्लोबल यूज़र्स को जोड़ना
  • 📉 ट्रेडिंग कॉस्ट को और कम करना
  • 🔁 ट्रू क्रॉस-चेन इंटरऑपरेबिलिटी को अपनाना
  • 💡 डेवलपर्स के लिए ओपन और फ्लेक्सिबल प्लेटफॉर्म बनना

अगर यह प्लेटफॉर्म अपने वादों पर खरा उतरता है, तो यह Web3 और DeFi की दुनिया में एक बड़ा बदलाव ला सकता है।


📝 निष्कर्ष: एक नई डिजिटल ट्रेडिंग क्रांति की शुरुआत

क्रिप्टो ट्रेडिंग में क्रॉस-चेन ट्रांजैक्शन हमेशा से एक बड़ी चुनौती रही है। PACT SWAP जैसे प्लेटफॉर्म उस चुनौती को सीधे और सरल तरीके से हल करने का प्रयास कर रहे हैं।

$5 मिलियन की इस नई फंडिंग से PACT SWAP को तकनीकी रूप से और मजबूत बनने, अपनी सेवाओं का विस्तार करने और क्रिप्टो बाजार में एक भरोसेमंद नाम बनने में मदद मिलेगी।


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🧬 Risa Labs को मिला ₹29 करोड़ का निवेश,

Risa Labs

Palo Alto (कैलिफोर्निया) स्थित ऑन्कोलॉजी AI स्टार्टअप RISA Labs ने अपने फंडिंग राउंड में $3.5 मिलियन (लगभग ₹29 करोड़) जुटाए हैं। इस निवेश का नेतृत्व किया है Flipkart के सह-संस्थापक बिन्नी बंसल ने।

इस फंडिंग राउंड में अन्य निवेशकों में शामिल हैं:

  • Oncology Ventures
  • General Catalyst
  • z21 Ventures
  • ODD BIRD VC
  • एंजेल इन्वेस्टर आशीष गुप्ता

🎯 कंपनी का उद्देश्य: भारत में 100 कैंसर सेंटर्स तक पहुंच

Risa Labs का लक्ष्य है कि इस पूंजी का उपयोग करते हुए अगले दो वर्षों में भारत के 100 कैंसर उपचार केंद्रों में अपने AI समाधानों की तैनाती की जाए।

यह कदम भारत जैसे देश में जहाँ कैंसर के इलाज में देरी और संसाधनों की कमी एक आम चुनौती है, वहाँ तकनीकी हस्तक्षेप से जीवन बचाने की दिशा में बड़ा बदलाव ला सकता है।


🤖 क्या है Risa Labs और इसका BOSS प्लेटफॉर्म?

Risa Labs, जिसकी स्थापना क्षितिज जग्गी और कुमार शिवांग ने की है, एक SaaS आधारित AI कंपनी है जो कैंसर उपचार प्रक्रियाओं को स्वचालित (automate) करने के लिए काम करती है।

कंपनी का फ्लैगशिप प्रोडक्ट है – BOSS (Better Oncology Support System)

यह एक AI-संचालित वर्कफ़्लो ऑटोमेशन प्लेटफॉर्म है, जिसका उद्देश्य है:

  • कैंसर उपचार की जटिल प्रक्रियाओं को छोटे-छोटे माइक्रोटास्क में बांटना
  • इन कार्यों को इंटेलिजेंट एजेंट्स (LLMs, डिजिटल ट्विन्स, और रिइंफोर्समेंट लर्नर्स) के ज़रिए निष्पादित करना
  • इससे पूरे संस्थान के सॉफ़्टवेयर इकोसिस्टम में एक समानांतर डिजिटल वर्कफोर्स खड़ा किया जा सकता है

🧠 तकनीकी विशेषताएं: Agentic AI और Digital Twins का कमाल

BOSS प्लेटफॉर्म का आधार है अत्याधुनिक तकनीक:

  • Agentic AI – जो निर्णय ले सकती है और कार्यों को स्वतः निष्पादित कर सकती है
  • Digital Twins – हर रीयल वर्ल्ड प्रोसेस का वर्चुअल रिव्यू व प्रतिरूप
  • LLMs (Large Language Models) – जटिल मेडिकल डॉक्युमेंट्स को समझने और कार्रवाई योग्य निर्देशों में बदलने की क्षमता

यह सारी तकनीकें मिलकर ह्यूमन मेडिकल टीमों के साथ मिलकर काम करती हैं, जिससे इलाज में लगने वाला समय कम होता है और देखभाल की गुणवत्ता बढ़ती है।


🏥 भारत में कैंसर केयर की ज़रूरत

भारत में हर साल 13 लाख से अधिक कैंसर केस रिपोर्ट होते हैं। लेकिन:

  • विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी
  • प्रशासनिक प्रक्रियाओं में देरी
  • और हैंडलिंग इरर के चलते इलाज में देरी होती है

Risa Labs जैसी तकनीकी कंपनियाँ इस अंतर को भर सकती हैं। एक AI-सहायक सिस्टम डॉक्टरों को:

  • प्राथमिकताओं को जल्दी तय करने
  • डॉक्यूमेंटेशन को ऑटोमेट करने
  • और मरीजों की प्रोसेसिंग तेज़ करने में मदद करता है

💬 संस्थापकों की सोच

Risa Labs के को-फाउंडर क्षितिज जग्गी ने कहा:

“हमारा उद्देश्य है कि हम तकनीक का उपयोग करके कैंसर के इलाज की जटिलताओं को सरल बनाएं। BOSS जैसी AI टेक्नोलॉजी हेल्थकेयर प्रोफेशनल्स को समय पर निर्णय लेने और मरीजों को बेहतर अनुभव देने में सक्षम बनाती है।”


📊 निवेशकों की रणनीति और भरोसा

बिन्नी बंसल जैसे अनुभवी टेक लीडर्स और जनरल कैटालिस्ट जैसे वैश्विक निवेशकों का Risa Labs में निवेश यह दर्शाता है कि:

  • AI in Healthcare एक तेजी से बढ़ता हुआ क्षेत्र है
  • भारत जैसे देशों में इस तकनीक की व्यावहारिक उपयोगिता और स्केलेबिलिटी बहुत अधिक है
  • फंडिंग केवल पूंजी नहीं, बल्कि रणनीतिक मार्गदर्शन और विस्तार का संकेत भी है

🌍 ग्लोबल विज़न लेकिन भारत प्राथमिकता

भले ही Risa Labs की शुरुआत अमेरिका में हुई हो, लेकिन इसका ध्यान भारत के:

  • मध्यम और छोटे शहरों में कैंसर सेंटर्स
  • सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं के साथ इंटीग्रेशन
  • और AI के लोकलाइज़्ड अनुप्रयोग पर है

यह मॉडल भारत के डिजिटल हेल्थ मिशन के तहत एक AI-संचालित स्वास्थ्य प्रणाली की ओर एक कदम है।


📌 निष्कर्ष

Risa Labs का यह फंडिंग राउंड सिर्फ एक स्टार्टअप के ग्रोथ की कहानी नहीं है, बल्कि यह संकेत है कि अब भारत में हेल्थकेयर और AI का मेल जीवन बदल सकता है

कैंसर जैसे घातक रोगों की पहचान, योजना और उपचार में अगर तकनीक साथ आए, तो सिर्फ सिस्टम ही नहीं, बल्कि मरीजों की ज़िंदगियाँ भी बदल सकती हैं


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